यह ब्लॉग एक विचारधारा है। जिसमें लेखक की अनुभूति है, विचार है, भावनाएं हैं, संवेदनाएं हैं और अधिकारों को सचेत करने की आशा है।
Wednesday, 5 August 2020
Subscribe to:
Posts (Atom)
अंतरराष्ट्रीय मोटा अनाज वर्ष - 2023
भारत गावों का, किसान का देश है। भारत जब आज़ाद हुआ तो वह खण्ड-2 था, बहुत सी रियासतें, रजवाड़े देश के अलग-अलग भू-खण्डों पर अपना वर्चस्व जमाएं ...
-
सुंदरलाल जितने जुझारू और प्रकृति की रक्षा के लिए सक्रीय थे, उतने ही सरल, सौम् य और चिंतन-मनन करने वाले। प्रकृति के उपासक सुंदर लाल बहुगुणा...
-
जो पहले नल था अब वह स्वतं चालित जनकूप है, जो पहले नाली थी अब वह नाला है, जो पहले नहर थी अब वह नाला है। जो आज नदियां है वह प्रदूषित सूखी झी...
-
टीवी की दुनिया और टेलीविजन पर दिखाए जाने वाले सीरियल की बुनिया तो.... सही नव्ज़ को पकड़ती है, लेकिन उसकी पगडंडी भोतिकवाद के वृत में ज्याद...